Paris Saint-Germain ने Bayern Munich को एग्रीगेट में 6-5 से हराकर चैंपियंस लीग फाइनल में जगह बना ली। बायर्न के स्टार खिलाड़ी दबाव में फीके रहे, जबकि PSG ने शानदार रणनीति दिखाई। अब PSG के पास लगातार दूसरी बार ट्रॉफी जीतकर Real Madrid के रिकॉर्ड की बराबरी करने का मौका है।
UEFA चैंपियंस लीग 2025/26 के सेमीफाइनल सेकेंड लेग में बायर्न म्यूनिख और पेरिस सेंट-जर्मेन (PSG) के बीच मुकाबला 1-1 से ड्रॉ रहा, लेकिन एग्रीगेट स्कोर 6-5 रहने के कारण PSG फाइनल में पहुंच गई। यह मैच 6 मई 2026 को म्यूनिख के Allianz Arena में खेला गया, जहां घरेलू फैंस को अपनी टीम से बड़ी उम्मीदें थीं, लेकिन बायर्न उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी।
शुरुआत से ही PSG का कंट्रोल मैच में PSG ने शुरुआत से ही गेम की रफ्तार अपने हाथ में रखी। बायर्न की टीम पूरे मैच में संघर्ष करती नजर आई और उनका आक्रामक खेल कहीं दिखाई नहीं दिया। PSG ने मिडफील्ड में शानदार दबाव बनाया और बायर्न के बड़े खिलाड़ियों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।
माइकल ओलीसे और मुसियाला रहे फीके पूरे सीजन में बायर्न के लिए शानदार प्रदर्शन करने वाले Michael Olise इस बड़े मैच में असर नहीं छोड़ पाए। पहले लेग में उन्होंने PSG डिफेंडर Nuno Mendes को काफी परेशान किया था, लेकिन इस बार वे पूरी तरह शांत रहे।
Jamal Musiala भी PSG के हाई प्रेस के सामने संघर्ष करते दिखे। Joshua Kimmich, Konrad Laimer और Aleksandar Pavlovic भी दबाव में दिखाई दिए। सिर्फ Neuer और Harry Kane ने दिखाई लड़ाई बायर्न की तरफ से Manuel Neuer और Harry Kane ही ऐसे खिलाड़ी रहे जिन्होंने अंत तक संघर्ष किया। Neuer ने कई अहम बचाव किए जबकि Kane लगातार टीम को संभालने की कोशिश करते रहे। हालांकि टीम का बाकी हिस्सा तालमेल में कमजोर दिखा।
PSG की रणनीति बनी सबसे बड़ी ताकत PSG के कोच Luis Enrique की रणनीति इस मैच में पूरी तरह सफल रही। Fabian Ruiz, Vitinha और João Neves ने मिडफील्ड पर कब्जा बनाए रखा। Warren Zaire-Emery ने डिफेंस में शानदार काम किया और Bayern के अटैक को रोकने में अहम भूमिका निभाई।
रेफरी के फैसलों से निराश बायर्न मैच के बाद बायर्न म्यूनिख के खिलाड़ी और मैनेजमेंट रेफरी के कुछ फैसलों से नाराज नजर आए। खासतौर पर पहले हाफ में हुए कुछ फैसलों को लेकर टीम ने असंतोष जताया। Nuno Mendes को शुरुआती रेड कार्ड न मिलने पर भी बहस हुई।
6 बार की यूरोपियन चैंपियन बायर्न 2020 के बाद पहली बार फाइनल में पहुंचने का सपना पूरा नहीं कर सकी। याद दिला दें कि 2020 के फाइनल में बायर्न ने ही PSG को हराकर चैंपियंस लीग ट्रॉफी जीती थी, लेकिन इस बार बाजी पेरिस के हाथ लगी।
Kompany की रणनीति पर सवाल Vincent Kompany की हाई लाइन डिफेंस रणनीति पर भी सवाल उठ रहे हैं। बड़े मुकाबलों में बायर्न लगातार दबाव में दिखी है। फैंस का कहना है कि Allianz Arena अब पहले जैसा “किला” नहीं रह गया।
PSG फाइनल में, बायर्न फिर खाली हाथ इस हार के साथ बायर्न म्यूनिख का चैंपियंस लीग जीतने का सपना एक बार फिर टूट गया। दूसरी तरफ PSG लगातार शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में पहुंच गई और अब टीम ट्रॉफी जीतने की मजबूत दावेदार मानी जा रही है।
Harry Kane ने मैच के बाद कहा कि अब टीम का पूरा फोकस DFB-Pokal और अगले सीजन की तैयारी पर रहेगा। वहीं Manuel Neuer ने माना कि टीम में “किलर मेंटैलिटी” की कमी दिखाई दी।
रियल मैड्रिड के रिकॉर्ड की बराबरी करने का मौका PSG के पास अब इतिहास रचने का बड़ा मौका है। अगर टीम इस साल चैंपियंस लीग फाइनल जीत जाती है, तो वह 1990 के बाद लगातार दो बार UEFA Champions League जीतने वाली दूसरी टीम बन जाएगी। इससे पहले केवल Real Madrid ही लगातार खिताब बचाने में सफल रही है।
दिलचस्प बात यह है कि पिछले साल भी Paris Saint-Germain ने Allianz Arena में ही Inter Milan को हराकर अपना पहला चैंपियंस लीग खिताब जीता था। अब एक बार फिर टीम यूरोप की सबसे बड़ी ट्रॉफी जीतने से सिर्फ एक कदम दूर है।
PSG BayernMunich ChampionsLeague UCL HarryKane Neuer LuisEnrique FootballNews UCL2026 Soccer PSGvsBayern FootballFans NetGramNews
Disclaimer
Disclaimer:
Images are for illustrative purposes only and some editing of images done by using AI.
Published by: Gulam Rasool. For newsroom standards, byline transparency, and correction requests, review our editorial standards and corrections policy.
Need to contact the newsroom directly? Email netgramnews@gmail.com or visit the team page.