क्या 1 अप्रैल 2026 से इनकम टैक्स विभाग आपके सोशल मीडिया और ईमेल पढ़ सकता है?
4/1/2026, 2:10:00 PM
सोशल मीडिया पर वायरल दावा कि 1 अप्रैल 2026 से इनकम टैक्स विभाग को आपके सोशल मीडिया और ईमेल की सीधी पहुंच मिल जाएगी, गलत और भ्रामक है। PIB Fact Check ने साफ किया कि ऐसा कोई नियम नहीं है, और डेटा एक्सेस केवल कानूनी प्रक्रिया के तहत ही होता है, न कि ऑटोमैटिक तरीके से।
सोशल मीडिया पर हाल ही में एक पोस्ट तेजी से वायरल हुई, जिसमें दावा किया गया कि 1 अप्रैल 2026 से इनकम टैक्स विभाग को लोगों के सोशल मीडिया अकाउंट, ईमेल और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म्स तक सीधी पहुंच मिल जाएगी, ताकि टैक्स चोरी पर नजर रखी जा सके। इस दावे के साथ लोगों को चेतावनी भी दी जा रही थी कि वे अपना ऑनलाइन व्यवहार बदल लें, वरना उन्हें टैक्स नोटिस मिल सकता है। कई लोगों ने इसे सच मानकर आगे शेयर भी किया। सरकारी एजेंसियों ने क्या कहा? PIB Fact Check और CISF के आधिकारिक अकाउंट्स ने इस दावे को “Misleading” बताया है। उन्होंने साफ किया कि ऐसा कोई नियम या प्रावधान नहीं है, जिससे 1 अप्रैल 2026 से इनकम टैक्स विभाग को किसी के private सोशल मीडिया या ईमेल तक स्वतः पहुंच मिल जाए। वायरल हो रही इमेज और मैसेज या तो संदर्भ से हटाकर दिखाए गए हैं या पूरी तरह गलत हैं। सच्चाई क्या है? यह सही है कि टैक्स अथॉरिटी जांच के दौरान, जरूरत पड़ने पर कोर्ट या कानूनी प्रक्रिया के जरिए कुछ डेटा तक पहुंच की मांग कर सकती है। लेक