पिछले दो सत्रों के भारी बिकवाली दबाव के बाद 9 अक्टूबर को घरेलू शेयर बाजार में जोरदार यू-टर्न दिखा; सेंसेक्स 900 अंक उछला और निफ्टी 22,500 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया।इस शानदार उछाल के मुख्य चालक टीसीएस, इंफोसिस और विप्रो जैसे आईटी शेयरों में तेज वैल्यू बाइंग, शॉर्ट-कवरिंग तथा पश्चिम एशिया तनाव पर अमेरिकी राष्ट्रपति के शांतिदायक बयान से क्रूड की कीमतों में आई नरमी रहे।
भारतीय शेयर बाजार में पिछले दो दिनों से जारी भारी गिरावट के बाद शुक्रवार को जोरदार तेजी देखने को मिली। बाजार खुलते ही खरीदारों ने कमान संभाल ली और देखते ही देखते सेंसेक्स करीब 900 अंक चढ़ गया। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी अपनी पुरानी गिरावट से उबरते हुए फिर से 22,500 के स्तर को पार कर गया।
Loading...
लगातार बिकवाली के दबाव में चल रहे निवेशकों के लिए आज का दिन काफी राहत भरा रहा। बाजार में आई इस अचानक रिकवरी के पीछे कई बड़े कारण रहे, जिनमें आईटी शेयरों में ताबड़तोड़ खरीदारी और अंतरराष्ट्रीय स्तर से मिले कुछ शांत संकेत सबसे अहम हैं।
शुक्रवार के कारोबारी सत्र में दोनों प्रमुख सूचकांक हरे निशान में कारोबार करते दिखे:
सेंसेक्स (Sensex): 900 अंकों से ज्यादा उछलकर मजबूत बढ़त बनाए हुए दिखा।
निफ्टी (Nifty): 22,400 का अहम स्तर पार करते हुए सीधे 22,500 के मनोवैज्ञानिक आंकड़े के ऊपर निकल गया।
सेक्टोरल सपोर्ट: लगभग सभी बड़े सेक्टरों में खरीदारी लौटी, लेकिन तेजी की कमान मुख्य रूप से आईटी सेक्टर के हाथों में रही।
पिछले दो कारोबारी सत्रों में बाजार कई महीनों के निचले स्तर पर पहुंच गया था, जहां से यह यू-टर्न देखने को मिला है।
1. आईटी शेयरों में जोरदार खरीदारी (IT Stocks Rally)
बाजार की इस बढ़त का सबसे मुख्य इंजन आईटी स्टॉक्स रहे। पिछले कुछ समय से आईटी कंपनियों के शेयरों में काफी दबाव था और कई दिग्गज शेयर अपने सस्ते वैल्यूएशन पर आ गए थे।
आज घरेलू और विदेशी निवेशकों ने टीसीएस (TCS), इंफोसिस (Infosys), विप्रो (Wipro) और एचसीएल टेक (HCL Tech) जैसे बड़े शेयरों में जमकर पैसा लगाया। आईटी इंडेक्स में आई इस तेज उछाल ने सीधे तौर पर निफ्टी और सेंसेक्स को ऊपर खींचने का काम किया। जानकारों का मानना है कि लंबे समय बाद आईटी सेक्टर में यह मजबूत बॉटम-फिशिंग देखने को मिली है।
2. वैश्विक तनाव पर अमेरिकी राष्ट्रपति का बयान
बाजार में आई इस रिकवरी की दूसरी बड़ी वजह भू-राजनीतिक (Geopolitical) मोर्चे से आई राहत की खबर रही।
पश्चिम एशिया में ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव को लेकर बाजार बीते दिनों काफी डरा हुआ था। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति के हालिया बयान ने इस डर को कुछ समय के लिए टाल दिया है। उनके बयान के मुताबिक ईरान पर किसी भी बड़े सैन्य हमले की संभावना अमेरिकी मध्यावधि चुनावों (Midterm Elections) के बाद तक टलती दिख रही है।
इस बयान के बाद वैश्विक बाजारों में राहत की सांस ली गई, जिसका सीधा सकारात्मक असर भारतीय शेयर बाजार पर भी पड़ा। कच्चे तेल की कीमतों में जो उफान आने का डर था, वह भी थोड़ा शांत हुआ।
3. निचले स्तरों पर वैल्यू बाइंग (Value Buying)
Loading...
दो दिनों की लगातार तेज बिकवाली के चलते कई मजबूत और बुनियादी रूप से मजबूत कंपनियों के शेयर काफी डिस्काउंट पर मिल रहे थे। ट्रेडर्स और लंबी अवधि के निवेशकों ने इस गिरावट को खरीदारी के मौके के रूप में देखा। जैसे ही निफ्टी ने 22,350-22,400 के पास सपोर्ट दिखाया, बड़े फंड्स ने ब्लू-चिप शेयरों में एंट्री लेना शुरू कर दिया, जिससे शॉर्ट-कवरिंग भी तेज हो गई।
आईटी और टेक: फ्रंटलाइन आईटी कंपनियों के साथ-साथ मिडकैप आईटी स्टॉक्स में भी 2 से 4 फीसदी तक की बढ़त दर्ज की गई।
बैंकिंग और फाइनेंशियल: प्राइवेट और सरकारी दोनों बैंकों में निचले स्तरों से खरीदारी आई, जिससे निफ्टी बैंक को सहारा मिला।
ऑटो और मेटल्स: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कमोडिटी की कीमतों में स्थिरता आने से मेटल और ऑटो शेयरों में भी हरियाली देखने को मिली।
Loading...
बाजार ने 22,500 का स्तर पार करके यह संकेत जरूर दिया है कि खरीदार अभी पूरी तरह मैदान से बाहर नहीं हुए हैं। हालांकि, जानकारों का कहना है कि खुदरा निवेशकों को अभी भी थोड़ी सावधानी बरतने की जरूरत है:
22,500 का स्तर टिकना जरूरी: अगर निफ्टी दिन के अंत तक 22,500 के ऊपर बंद होता है, तो आगे और 150-200 अंकों की तेजी देखने को मिल सकती है।
ग्लोबल खबरों पर नजर: भले ही तात्कालिक तौर पर युद्ध का खतरा टला हो, लेकिन मिडिल ईस्ट के हालात किसी भी समय करवट ले सकते हैं। इसलिए स्टॉप-लॉस के बिना बड़े सौदे करने से बचें।
क्वालिटी शेयरों पर भरोसा रखें: गिरावट के बाद जब भी रिकवरी आती है, सबसे पहले अच्छे फंडामेंटल वाली लार्जकैप कंपनियां ही आगे बढ़ती हैं। इसलिए पेनी स्टॉक्स या कमजोर कंपनियों के पीछे भागने के बजाय मजबूत शेयरों में बने रहना बेहतर रणनीति होगी।
कुल मिलाकर, शुक्रवार का यह कारोबारी सत्र भारतीय शेयर बाजार के लिए एक नई उम्मीद लेकर आया है, जहां आईटी शेयरों की ताकत और वैश्विक तनाव में आई थोड़ी ढील ने बाजार को दोबारा रफ्तार दी है।
यह कोई निवेश सलाह, या बेचने का ऑफर नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि निवेश से पहले खुद रिसर्च करें या SEBI में रजिस्टर्ड किसी निवेश सलाहकार से सलाह लें। लेखक SEBIरजिस्टर्ड निवेश सलाहकार नहीं है
शेयर बाजार आज 9 अक्टूबर, सेंसेक्स 900 अंक उछला, निफ्टी 22500 पार, आईटी शेयर तेजी, टीसीएस इंफोसिस शेयर,Share market me teji aaj, Sensex 900 points up, Nifty 22500 ke upar, IT shares me recovery kyu aayi,शेयर बाजार में लौटी रौनक सेंसेक्स 900 अंक उछला निफ्टी 22500 के पार,Why Indian share market recovered today IT stocks rally and geopolitical update,Nifty 50 target levels after breaking above 22500 psychological mark,Share Market, Sensex, Nifty 50, IT Stocks, TCS, Infosys, Wipro, Business News, Market Recovery, Economy News NetGramNews
Disclaimer
Images are for illustrative purposes only and some editing of images done by using AI. इस लेख में इस्तेमाल की गई तस्वीरें सिर्फ समझाने के लिए हैं। कुछ तस्वीरों को AI की मदद से एडिट किया गया है। इस पोस्ट में दिया गया कंटेंट केवल जानकारी और शिक्षा के उद्देश्य से है। यह कोई निवेश सलाह, या बेचने का ऑफर नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि निवेश से पहले खुद रिसर्च करें या SEBI में रजिस्टर्ड किसी निवेश सलाहकार से सलाह लें। लेखक SEBIरजिस्टर्ड निवेश सलाहकार नहीं है
Published by: Sadiq Tak. For newsroom standards, byline transparency, and correction requests, review our editorial standards and corrections policy.
Need to contact the newsroom directly? Email netgramnews@gmail.com or visit the team page.